रीवा पन्ना का पठार । main plateau of riva in india

रीवा पन्ना का पठार
इसे विद्य का पठारी प्रदेश भी कहा जाता है , क्योंकि यहाँ विंध्यान  शैल पायी जाती हैं ।
रीवा पन्ना का पठार ,  riva panna pathar
रीवा पन्ना का पठार

भोगोलिक स्थिति = रीवा  पन्ना का पठार   मध्यप्रदेश के उत्तर में 23°10 से 25°12  उतरी  और 82°18 पूर्वि देेेशातर
तक विस्तृत है । इस पठार का कुल क्षेत्रफ़ल 31955 है।
जिले = दमोह , सतना , रीवा , पन्ना सागर  जिले की रेेहलि तथा बंडा तहसील आती हैं ।
1 यहां की जलवायु महाद्वीपीय प्रकार की है ।
2 वर्षा का औसत 125cm है ।
3 यहां पर दोमट मिट्टी पायी जाती है ।
4  इसमे केन, टोंस सोन एव बोरमा नदियाँ प्रवाहित होती हैं ।
5 कैमूर व भांडेर कगारों को गंगा तथा नर्मदा जल विभाजक माना जाता हैं ।
6 यहां की कृषि उपजो में गेहूं मुख्य रूप से तथा ज्वार , तिलहन आदि अन्य होते है ।
7 खनिजों में उपजे चुना पत्थर ( सतना) , हिरा( पन्ना) , कोरंडम (रीवा) मुख्य है ।
8 उद्योगों  में सीमेंट उद्योग (सतना) , हिरे तरासने का कारखाना  पन्ना (मुख्य)है ।
9 यहां के दर्शनीय स्थलो में मैहर  का शारदा मंदिर व चचाई व केवटी जल प्रपात मुख्य है ।
मालवा का पठार
यह पठार मध्यप्रदेश के पश्चिमी भाग में अवस्तिथ है । ज्वालामुखी उदगार से निकले लावा से इसका निर्माण हुआ है । दक्कन ट्रैप शैल पायी जाती हैं  । मालवा का पठार समतल उच्चभूमि के रूप में है ।
भौगोलिक स्थिति = 22°17 से 25°8 उतरी  तथा 74 °20 से 79°20  पूर्वी देेेशातर तक पठार  का   विस्तार हैं ।

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